CRCAS कार्यक्रम

केंद्र दो साल का एमफिल कार्यक्रम एवं एक एकीकृत छः साल का एमफिल/पीएचडी कार्यक्रम प्रदान करता है । यह एमफिल कर चुके इद्यार्थियों को भी सीधे पीएचडी कार्यक्रम में शामिल करवाता है। (चार साल) इसके अलावा केंद्र स्कूल ऑफ़ इंटरनेशनल स्टडीज में एमए कार्यक्रम के लिए विशेष कोर्स प्रदान करता है ।

एमए

पाठ्यक्रम का विषयअध्यापक
 रूसी राजनीतिक व्यवस्था:प्रो अनुराधा एम चिनॉय
 रूस के विदेश नीति:डॉ संजय कुमार पांडे

एम.फिल

पाठ्यक्रम का विषयअध्यापक
 रूसी भाषा:डॉ प्रीति दास
 अनुसंधान क्रियाविधि:डॉ राजन कुमार
 राजनीति और समाज में रूस:प्रो अनुराधा एम चिनॉय
 मध्य एशिया में राज्य और क्षेत्रीय सुरक्षा:प्रो अजय पटनायक
 राजनीति और समाज आधुनिक मध्य एशिया में:प्रो ए पटनायक और डॉ नलिन महापात्र
 राजनीति और समाज ट्रांस Caucasia में:प्रो तुलसीराम
 सोवियत और बाद के सोवियत अवधि के दौरान अंतर्राष्ट्रीय कम्युनिस्ट आंदोलन:प्रो तुलसीराम और डॉ KB उषा
 न्यू रूस की विदेश नीति:प्रो AM चिनॉय और प्रो ए मोहंती
 मध्य एशिया में आर्थिक विकास:डॉ ताहिर असगर
 मध्य एशियाई राज्य अमेरिका के विदेश नीति:डॉ संजय कुमार पांडे और डॉ फूल बदन
 रूस, यूक्रेन और बेलौर के आर्थिक परिवर्तन:प्रो अरुण मोहंती
 मध्य एशिया में आधुनिकीकरण की राजनीति:डॉ फूल बदन

एम.फिल

वे विद्यार्थी जिन्होंने सफलतापूर्वक प्रवेश परीक्षा एवं वाइवा वोस उत्तीर्ण कर ली हो केंद्र के एमफिल कार्यक्रम का हिस्सा बन सकते हैं । कोर्स कार्य के अंतर्गत १८ विषय होते हैं (६ अनिवार्य, कोर एवं वैकल्पिक कोर्स) जिन्हें तीन सेमेस्टर में पूरा करना होता है । एक और सेमेस्टर की स्वीकृति जाती है जिसमें विद्यार्थी को उसके तथा केंद्र से प्रदान किये गए निरीक्षक की सर्व सम्मति से तय किये हुए विषय पर शोध पत्र लिखना होता है ।

 

    पीएचडी कार्यक्रम के लिए पहले से निर्धारित कोई भी विषय वस्तु नहीं होती है । शोध विद्यार्थी केंद्र के विषयों में से अपनी इच्छा के किसी भी विषय को शोध विषय वस्तु के रूप में चुन सकते हैं । विद्यार्थियों को एक और साल का रूसी भाषा के कोर्स का कार्य पूरा करना होता है । एमफिल विद्यार्थी इस कार्यक्रम को समाप्त करके पीएचडी कार्यक्रम में सम्मिलित हो सकते हैं । वे विद्यार्थी, जिन्होंने अपनी एमफिल किसी अन्य विश्वविद्यालय से पहले दर्जे में उत्तीर्ण की हो, भी सीधे पीएचडी कार्यक्रम के लिए आवेदन दे सकते हैं और चुनाव होने पर सम्मिलित भी हो सकते हैं ।